संवारे! मैं तो उसी दिन से ही तुम्हारी हो गई थी।
जिस दिन पहली बार हाथ थामकर
तुमने कहा था।
"मैं वो सारे वचन निभाऊंगा,
जो तुम मुझसे करना चाहती हो।”
दो एक माइक चेक...... सुनो! आवाज आई! उह्हू उह्हू तो सुनो... नेवलें सिर उठा रहे, गिद्ध लोधड़े नोच रहे। पीने को कुछ बाकी नहीं खून तो पहले ही ...
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